समाज के वंचित बच्चों तक शिक्षा पहुँचाने की दिशा में एक बड़ा कदम है,:दीपक केसरकर
1 min read
मुंबई, आज का दिन मुंबई के लिए बेहद महत्वपूर्ण रहा, जब महाराष्ट्र के शिक्षा मंत्री श्री दीपक केसरकर जी ने अपने आवास रामटेक’ पर चलित शिक्षा वैन का उद्घाटन किया। इस ऐतिहासिक अवसर पर श्री केसरकर ने सरकार की योजना बताई और उन्होंने अपनी तरफ से विद्यार्थियों के लिए यूनिफॉम ड्रेस देने की गोसना की और लोगो को मदद देने के लिए आहवान भी किया,भाजपा के वरिष्ठ नेता पासा पटेल, ने मार्गदर्शन किया, मुंबई के पूर्व उप महापौर और फ्लोरा फायुदेशन के मैनेजिंग ट्रस्टी बाबूभाई भवानजी ने कहा कि ,”टाइम्स ऑफ़ इण्डिया” कीओर से दिगई कंप्यूटर वैन के माध्यम से मुंबई की सड़कों पर रहने वाले हजारों वंचित बच्चों तक शिक्षा पहुँचाने का लक्ष्य रखा गया है। फ्लोरा फाउंडेशन की यह अनूठी पहल बच्चों को उनके घर के पास ही शिक्षा के अवसर प्रदान करेगी, जिससे वे बेहतर भविष्य की ओर कदम बढ़ सकें संस्था के अध्यक्ष अरूण सबनीस ने बताया की इस वैन में शिक्षा के साथ-साथ बच्चों के लिए मनोरंजक और नैतिक विकास के कार्यक्रम भी संचालित किए जाएंगे।*भवानजी ने शिक्षा मंत्री श्री दीपक केसरकर जी का पारंपरिक ढंग से स्वागत किया। और भगवान शिव के चमत्कृत शिवलिंग का धूप-अभिषेक किया प. पु. योगाचार्य स्वामी भारत भूषणजी ने “हर हांथ बांसुरी, हर सांस बांसुरी” अभियान के तहत एक बांसुरी भेंट की।

पारले कि एन एम कॉलेज के विधार्थीओ ने इन बच्चो को शिखायेंगे
फ्लोरा फाउंडेशन द्वारा संचालित 150 स्ट्रीट एजुकेशन चाइल्ड ग्रुप ने इस मौके पर एक विशेष नृत्य-नाटिका प्रस्तुत की। भवानजी ने अपने संबोधन में देश के विभिन्न लघु व्यवसायों में एक विशेष वर्ग के प्रभुत्व की समस्या पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि जैसे पलंबर, कारपेंटर, इलेक्ट्रीशियन, मैकेनिक, , फुटपाथ व्यवसायी, बारबर, , टूर्स ट्रेवल्स, रिक्शा, टैक्सी चालकों के कार्यक्षेत्र में कुछ ही वर्ग का दबदबा है। आगे भवानजीने बताया कि यह स्थिति समाज में असमानता को बढ़ावा देती है और इसे संतुलित करने के लिए विशेष रूप से स्किल डेवलपमेंट (कौशल विकास) की दिशा में एक क्रांतिकारी पहल की गई है। और योग, संस्कार,एवम सेल्फ डिफेंस,की ट्रेनिग दी जाएगी,इस कार्यक्रम में मोबाइल/ कम्प्यूटर ट्रेनर, सतीश राव जी, सेल्फ डिफेंस ट्रेनर धनेश छेड़ा, कमलेस ठककर, राजूभाई टांक, पराग शाह, , मुकेश भाई, उपेन्द्र उपाध्य, श्रीमति नीलिमा पांडेय, डा. कुसुम तिवारी और भारी संख्या में विधार्थी उपस्थित थे।

